श्री
ऊंचो घाल्यो पालनो,जल जमुना के तीर
मात यशोदा लोरी गावे, झोटा दे बलबीर
कान्हा,सो ज्या मेरे लाल,दिन उगता ही माखण देसु
ओ नंदजी का लाल
केशर सु अस्नान करासु, और गूंथा सू बाल
कस्तूरी को तिलक लगा सु,टीचको देसु गाल
कान्हा,सो ज्या.......
केसरिया बागो पहरासु,हाथे कंगन घाल
भांत भांत को ईत्तर लगा सु,ओ मेरे गोपाल
कान्हा,सो ज्या.......
बंशी में हीरा जड़वासु, माणक देस्यु लाल
खेलण ने तने देवू रे खिलौना,चुटकी दे दे ताल
कान्हा,सो ज्या........
मेवा,मिश्री ख़ूब खिलास्यू, और जिमांस्यू खीर
पीवण न तने देवू रे राबड़ीयो,जल जमुना रो नीर
कान्हा,सो ज्या.......
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